एमपॉक्स की रोकथाम और नियंत्रण को लेकर डब्ल्यूएचओ ने रणनीतिक रूपरेखा की जारी 

क्लैड द्वितीय से जुड़े एमपॉक्स का एक बड़ा उद्भव 2017 में शुरू हुआ और 2022 के बाद से यह दुनिया के सभी हिस्सों में फैल गया।

By Dayanidhi

On: Monday 27 May 2024
 
इस साल कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य में 6,500 से अधिक मामले और 345 मौतें दर्ज की गई हैं। इनमें से लगभग आधे 15 वर्ष से कम उम्र के बच्चे हैं। फोटो साभार: आईस्टॉक

एमपॉक्स जो पहले मंकीपॉक्स के नाम से जाना जाता था, यह बीमारी दुनिया भर में लोगों को प्रभावित कर रही है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) द्वारा एमपॉक्स की रोकथाम को लेकर एक रणनीतिक रूपरेखा जारी की गई है। यह स्वास्थ्य अधिकारियों, समुदायों और अन्य हितधारकों को एमपॉक्स के प्रकोप को रोकने और नियंत्रित करने, बीमारी के एक से दूसरे व्यक्ति में फैलने को खत्म करने और जानवरों से मनुष्यों में वायरस के फैलाव को कम करने में मदद करेगा।

एमपॉक्स एक संक्रामक बीमारी है जो मंकीपॉक्स वायरस (एमपीएक्सवी) के कारण होती है। इसके कारण शरीर में दर्दनाक दाने, बढ़े हुए लिम्फ नोड्स और बुखार हो सकता है। इससे पीड़ित अधिकांश लोग पूरी तरह ठीक हो जाते हैं, लेकिन कुछ बहुत बीमार पड़ जाते हैं।

यह वायरस एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में करीबी संपर्क, जिसमें यौन संपर्क भी शामिल है, के माध्यम से फैलता है। इसके स्रोत पूर्व, मध्य और पश्चिम अफ्रीका में पशुओं के पानी पीने वाले जलाशय भी हैं, जहां जानवरों से मनुष्यों में फैलने की घटनाएं कभी- कभार हो सकती हैं, जिससे इस बीमारी का प्रकोप बढ़ सकता है।

एमपॉक्स के सामान्य लक्षण त्वचा पर लाल चकत्ते या म्यूकोसल घाव का होना है जो बुखार, सिरदर्द, मांसपेशियों में दर्द, पीठ दर्द, कमजोरी और सूजन लिम्फ नोड्स के साथ दो से चार सप्ताह तक रह सकते हैं।

एमपॉक्स की प्रयोगशाला पुष्टि पीसीआर द्वारा त्वचा में हुए घाव की सामग्री का परीक्षण करके की जाती है।

डब्ल्यूएचओ के मुताबिक, एमपॉक्स का इलाज सहायक देखभाल के साथ किया जाता है। चेचक के लिए विकसित और कुछ देशों में उपयोग के लिए अनुमोदित टीके और उपचार का उपयोग कुछ परिस्थितियों में एमपॉक्स के लिए किया जा सकता है।

एमपॉक्स से पीड़ित किसी व्यक्ति के साथ शारीरिक संपर्क से बचकर एमपॉक्स को रोका जा सकता है। इसके खतरे वाले इलाकों में टीकाकरण के माध्यम से लोगों को संक्रमण से बचाया जा सकता है।

अलग-अलग महामारी विज्ञान पैटर्न और जांच के ​​​​परिणामों के साथ मंकीपॉक्स वायरस (एमपीएक्सवी) के दो ज्ञात समूह हैं। क्लैड एक और क्लैड तीन, क्लैड एक का प्रकोप क्लैड द्वितीय के प्रकोप से अधिक घातक होता है।

क्लैड द्वितीय से जुड़े एमपॉक्स का एक बड़ा उद्भव 2017 में शुरू हुआ और 2022 के बाद से यह दुनिया के सभी हिस्सों में फैल गया है। जुलाई 2022 और मई 2023 के बीच, इस प्रकोप को अंतर्राष्ट्रीय चिंता का सार्वजनिक स्वास्थ्य आपातकाल घोषित किया गया था। हालांकि वह प्रकोप काफी हद तक कम हो गया है, फिर भी मामले और मौतें आज भी दर्ज की जा रही हैं, जिससे पता चलता है कि दुनिया भर में थोड़ा बहुत संचरण आज भी जारी है, यह चेचक की तरह  दिखता है।

वर्तमान में, कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य (डीआरसी) में भी क्लैड एक वायरस का एक बड़ा प्रकोप है, जहां दशकों से मामले बढ़ रहे हैं। वर्ष की शुरुआत से, डीआरसी में 6,500 से अधिक मामले और 345 मौतें दर्ज की गई हैं। इनमें से लगभग आधे 15 वर्ष से कम उम्र के बच्चे हैं।

एमपॉक्स की रोकथाम और नियंत्रण को बढ़ाने के लिए रणनीतिक ढांचा (2024-2027) दुनिया भर में स्वास्थ्य अधिकारियों, समुदायों और हितधारकों के लिए हर संदर्भ में एमपॉक्स के प्रकोप को नियंत्रित करने, एमपॉक्स अनुसंधान और जवाबी उपायों तक पहुंच को आगे बढ़ाने और जूनोटिक रोगों के फैलने को कम करने के लिए एक रोडमैप प्रदान करता है।

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